
जय जिनेन्द्रकथा रत्नमाला - ऑडियो के माध्यम सेकथा साहित्य का वह रूप है जिसके द्वारा हम गूढ से गूढ विषयों को सरलता से समझ सकते हैं । तीर्थंकर एवं उनकी उत्तरवर्ती परम्परा ने धर्म कथा के माध्यम से तत्व ज्ञान, संयम, कर्मफल आदि का मर्मोद्घाटन वर्णन किया है ।जैन कथा साहित्य अत्यंत समृद्ध व विशाल है । इसी कथा सागर से तेरापंथ प्रोफेशनल फोरम, हैदराबाद ने आपके लिए कुछ रत्नों को चुनने का प्रयास किया है। आशा है कि हमारा यह नवीन प्रयास आप सबके अध्यात्मिक ऊर्ध्वारोहण में सहभागी बनेगा।प्रस्तुति,तेरापंथ प्रोफेशनल फोरम, हैदराबाद