
यदि आप घरेलू हिंसा पीड़ित हैं तो ख़ामोश न रहें, ये बेझिझक बिना डरे स्वीकार करें कि आप पीड़ित हैं , इस बुराई का विरोध करें, लोगों से सहायता लें, परिस्थितियों में सुधार का प्रयास करें, जो यदि न हो पाए तो इस नर्क से बेफिज़ूल का मायामोह छोड़कर आगे बढ़ें ... संस्कार और समाज के नाम पर घरेलू हिंसा को चुपचाप सहन करना बहादुरी नहीं कायरता है ... सच्चा प्यार कभी चोट नहीं पहुंचाता है और जिसे आप घर घर की कहानी समझते हैं वो घर घर की कहानी नहीं होती है ... आपका जीवन क़ीमती है, इसे सस्ता न समझें ... मेरा मक़सद आपको जागरूक करना है, न कि आपका परिवार तोड़ना #alwaysvikas